तुझे नींद नहीं आएगी, मल-मूत्र रुक जाएगा,ऐसा श्राप मिला है क्या करूँ?
पूज्य महाराज जी का एक संक्षिप्त वचन — पूरा सुनने के लिए ऊपर वीडियो देखें।
पूरा प्रवचन
बाबा पूछ रहे हैं कि आप एक मंदिर में गए और वहां एक सूरदास जी मिले। उन्होंने मेरे से पैसे मांगे। मेरे पास पैसे नहीं थे। मैंने मना कर दिया। सूरदास जी ने गुस्सा हो गए और बोले मैं तुझे श्राप देता हूं कि तू तेरे को कभी नींद नहीं आएगी। ना ही मल मूत्र का त्याग कर पाएगा। जन्म जन्मांतर दुख पाएगा। महाराज जी इस श्राप से मुक्ति का ऐसे लोगों की बातों का कोई प्रवाह नहीं पड़ता। ऐसा हो तब तो पूरे विश्व को सतलोक त्रासित कर दे। पाखंडी लोग लोगों को परेशान किए हैं। कार से उतरे दरवाजा खटखटाया संत भेष में हम यज्ञ करने जा रहे हैं।
हमको इतने हजार रुपया दो नहीं दोगे तो तुम्हारा लड़का और वो घबरा गया कि गृहस्थ आध साधु है वो साधु हो ही नहीं सकता। जो रुपए के लिए तुम्हें सांप दे जो रुपए के लिए तुम्हें त्रासित करे जो अपनी कामना तुम्हारे सामने रख दे वो साधु ही नहीं है। पक्की बात समझो साधु तुम्हारे हित के लिए कभी संत से तुम्हारे कार्य की हानि नहीं हो सकती। कभी मंगल भवन भगवान के दास के द्वारा तुम्हारा अमंगल नहीं हो सकता। संत तो दर्शन संभाषण से अमंगलों का नाच करते हैं। संत अमंगल कैसे कर उसके दिमाग में बैठ गया कि सूरदास ने कह दिया अब ये कुछ नहीं होता बाबा।
उन्होंने कहा था हम मिटा रहे हैं तुम्हारा। ठीक है। समझ में आ गया? हां। अब अब थोड़ा मूंग की दाल और फुलका पाओ। पूरी कचौड़ी मत पाला नहीं सांप लागू हो जाएगा। आ हा हा
यह पाठ वीडियो के स्वचालित (auto-generated) उपशीर्षकों से लिया गया है — इसमें शब्दों की त्रुटियाँ हो सकती हैं। प्रामाणिक वचन के लिए वीडियो अवश्य सुनें।
मूल वीडियो: Bhajan Marg (YouTube)
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